रांची। आगामी नगरपालिका (आम) निर्वाचन 2026 को शांतिपूर्ण, स्वतंत्र एवं निष्पक्ष रूप से संपन्न कराने के उद्देश्य से रांची पुलिस ने अपनी तैयारियों को तेज कर दिया है। इसी क्रम में आज पुलिस अधीक्षक, नगर, रांची महोदय के द्वारा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (वी.सी.) के माध्यम से नगर क्षेत्र के सभी पुलिस उपाधीक्षक (DSP) एवं थाना प्रभारियों के साथ एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक का मुख्य उद्देश्य चुनाव प्रक्रिया के दौरान विधि-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखना, अपराधिक तत्वों पर नियंत्रण, मतदाताओं में विश्वास का वातावरण बनाना तथा किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या अशांति को पूर्व स्तर पर ही रोकना रहा। इस दौरान पुलिस अधीक्षक नगर ने अधिकारियों को स्पष्ट शब्दों में निर्देश देते हुए कहा कि चुनाव लोकतंत्र का सबसे महत्वपूर्ण पर्व है और इसे हर हाल में भय-मुक्त वातावरण में संपन्न कराना पुलिस प्रशासन की सर्वोच्च जिम्मेदारी है।
लंबित वारंटों के तामिले पर विशेष जोर
बैठक में सबसे पहले नगर क्षेत्र में लंबित वारंटों के तामिले की स्थिति की समीक्षा की गई। पुलिस अधीक्षक नगर ने निर्देश दिया कि सभी थाना प्रभारी अपने-अपने क्षेत्र में लंबे समय से लंबित गिरफ्तारी वारंटों का शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित करें। ऐसे अपराधी जिनके विरुद्ध न्यायालय से वारंट निर्गत है, उन्हें चुनाव से पूर्व गिरफ्तार कर विधिसम्मत कार्रवाई की जाए, ताकि वे मतदान प्रक्रिया को प्रभावित न कर सकें।
चुनाव प्रभावित करने वाले तत्वों पर सख्त कार्रवाई
पुलिस अधीक्षक नगर ने स्पष्ट निर्देश दिया कि वैसे तत्व जो चुनाव कार्य पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकते हैं, उनके विरुद्ध भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 की धारा 126 एवं 135 के अंतर्गत निवारक कार्रवाई अनिवार्य रूप से की जाए। उन्होंने कहा कि किसी भी व्यक्ति द्वारा डर, धमकी, प्रलोभन या हिंसा के माध्यम से मतदाताओं को प्रभावित करने का प्रयास बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
हिस्ट्रीशीटर, भगोड़े एवं फरार अपराधियों पर कड़ी नजर
बैठक में नगर क्षेत्र के हिस्ट्रीशीटरों, भगोड़े एवं फरार अपराधियों की सूची को अद्यतन करने के निर्देश दिए गए। पुलिस अधीक्षक ने कहा कि ऐसे अपराधी चुनाव के समय माहौल बिगाड़ने का प्रयास कर सकते हैं, इसलिए उनकी निरंतर निगरानी, सत्यापन एवं आवश्यकतानुसार गिरफ्तारी सुनिश्चित की जाए।
अनुज्ञप्ति-धारी शस्त्रों का सत्यापन और जमा
चुनाव को शांतिपूर्ण बनाए रखने के लिए पुलिस अधीक्षक नगर ने अनुज्ञप्ति-धारी शस्त्र धारकों के सत्यापन पर विशेष जोर दिया। सभी थाना प्रभारियों को निर्देश दिया गया कि अपने-अपने क्षेत्र में वैध हथियार रखने वालों की सूची की जांच कर चुनाव अवधि में उनके हथियार अनिवार्य रूप से जमा कराएं, ताकि किसी भी अप्रिय घटना की संभावना को न्यूनतम किया जा सके।
दंगा-बलवा में पूर्व संलिप्त व्यक्तियों पर विशेष निगरानी
पुलिस अधीक्षक नगर ने निर्देश दिया कि पूर्व में दंगा, बलवा, सांप्रदायिक तनाव अथवा चुनावी हिंसा की घटनाओं में संलिप्त रहे व्यक्तियों की पहचान कर उनका पूर्व सत्यापन किया जाए। ऐसे व्यक्तियों के विरुद्ध बॉन्ड भरवाने, निवारक निरोध या अन्य कानूनी कार्रवाई करने को कहा गया, ताकि वे पुनः कानून-व्यवस्था को चुनौती न दे सकें।
जमानत पर छूटे अपराधियों की गतिविधियों का सत्यापन
बैठक में यह भी निर्देश दिया गया कि जमानत पर छूटे अपराधियों की वर्तमान गतिविधियों की गहन निगरानी की जाए। यदि कोई जमानतधारी व्यक्ति चुनाव के दौरान संदिग्ध गतिविधियों में संलिप्त पाया जाता है, तो उसके विरुद्ध तुरंत विधिसम्मत कार्रवाई की जाए।
अपराधिक एवं असामाजिक तत्वों पर कठोर कार्रवाई
पुलिस अधीक्षक नगर ने कहा कि चुनाव के दौरान अपराधिक एवं असामाजिक तत्वों पर किसी भी प्रकार की नरमी नहीं बरती जाएगी। ऐसे व्यक्तियों के विरुद्ध सघन अभियान चलाकर गिरफ्तारी, छापेमारी एवं निवारक कार्रवाई की जाए, जिससे आम नागरिक बिना किसी भय के मतदान कर सकें।
अवैध शस्त्र एवं गोला-बारूद के विरुद्ध सघन अभियान
बैठक में अवैध शस्त्र एवं गोला-बारूद के विरुद्ध विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए गए। पुलिस अधीक्षक ने कहा कि सभी थाना क्षेत्रों में नियमित तलाशी अभियान, नाकेबंदी एवं छापेमारी कर अवैध हथियारों की बरामदगी सुनिश्चित की जाए। इससे चुनावी हिंसा की संभावनाओं पर प्रभावी नियंत्रण संभव होगा।
अवैध शराब के विरुद्ध छापेमारी
चुनाव के दौरान मतदाताओं को प्रभावित करने के लिए शराब के अवैध वितरण की आशंका को देखते हुए पुलिस अधीक्षक नगर ने अवैध शराब के विरुद्ध सख्त छापेमारी के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शराब तस्करों, अवैध भट्टियों एवं भंडारण स्थलों पर निरंतर कार्रवाई कर शराब की जप्ती सुनिश्चित की जाए।
संवेदनशील एवं अतिसंवेदनशील क्षेत्रों पर विशेष फोकस
बैठक के दौरान नगर क्षेत्र के संवेदनशील एवं अतिसंवेदनशील मतदान क्षेत्रों की समीक्षा भी की गई। पुलिस अधीक्षक नगर ने निर्देश दिया कि इन क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती, फ्लैग मार्च, एवं लगातार गश्त की व्यवस्था की जाए ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।
मतदाताओं में विश्वास और भय-मुक्त वातावरण का संकल्प
अंत में पुलिस अधीक्षक नगर ने सभी अधिकारियों से कहा कि उनकी प्राथमिक जिम्मेदारी मतदाताओं में विश्वास का वातावरण बनाना है। पुलिस प्रशासन का उद्देश्य केवल कानून-व्यवस्था बनाए रखना नहीं, बल्कि यह सुनिश्चित करना भी है कि हर नागरिक बिना डर और दबाव के अपने मताधिकार का प्रयोग कर सके।
उन्होंने कहा कि रांची पुलिस पूरी तरह सतर्क, प्रतिबद्ध और तैयार है तथा नगरपालिका (आम) निर्वाचन 2026 को शांतिपूर्ण, स्वतंत्र एवं निष्पक्ष ढंग से संपन्न कराने के लिए हर आवश्यक कदम उठाएगी।




