Friday, 13 March 2026
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चतरा पुलिस की बड़ी कार्रवाई: 29 एकड़ में अवैध अफीम की खेती नष्ट, नशे के कारोबार पर कड़ा प्रहार | Jharkhand News | Bhaiyajii News

चतरा पुलिस की बड़ी कार्रवाई | Jharkhand News | Bhaiyajii News

चतरा पुलिस की बड़ी कार्रवाई : झारखंड के चतरा जिले में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ पुलिस ने बड़ी और निर्णायक कार्रवाई करते हुए कुल 29 एकड़ वन भूमि में की जा रही अवैध अफीम की खेती को नष्ट कर दिया है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक श्री सुमित कुमार अग्रवाल के निर्देश पर चलाए गए विशेष अभियान के तहत की गई, जिसे जिले में मादक पदार्थों की रोकथाम की दिशा में एक बड़ी सफलता के रूप में देखा जा रहा है।

अफीम उन्मूलन को लेकर चला विशेष अभियान

चतरा पुलिस द्वारा जिले में लंबे समय से अवैध अफीम की खेती की मिल रही सूचनाओं के आधार पर एक विशेष उन्मूलन अभियान की योजना बनाई गई थी। इस अभियान में कुंदा थाना और लावालौंग थाना क्षेत्र को विशेष रूप से चिह्नित किया गया, जहां वन क्षेत्रों में छिपकर अफीम की खेती किए जाने की आशंका थी।

पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व और मार्गदर्शन में गठित टीमों ने सघन अभियान चलाते हुए संबंधित क्षेत्रों में छापेमारी की और शुरुआती अवस्था में ही अफीम की फसलों को पूरी तरह नष्ट कर दिया।

किन-किन क्षेत्रों में हुई कार्रवाई

अभियान के दौरान पुलिस ने अलग-अलग थाना क्षेत्रों में अवैध खेती को चिह्नित कर नष्ट किया:

  • कुंदा थाना क्षेत्र
    • ग्राम कोटारी
    • ग्राम चानो
      यहां करीब 25 एकड़ वन भूमि में की जा रही अवैध अफीम की खेती को नष्ट किया गया।
  • लावालौंग थाना क्षेत्र
    • ग्राम एकता
    • ग्राम टिटीभरगांव
      इन क्षेत्रों में लगभग 04 एकड़ भूमि पर लगी अफीम की फसल को पूरी तरह नष्ट किया गया।

इस प्रकार कुल मिलाकर 29 एकड़ में फैली अवैध अफीम की खेती को समाप्त किया गया।

शुरुआती अवस्था में ही फसल की गई नष्ट

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह अवैध खेती अभी प्रारंभिक अवस्था में थी। समय रहते की गई इस कार्रवाई से न केवल नशीले पदार्थों के उत्पादन को रोका गया, बल्कि इससे जुड़े अवैध नेटवर्क को भी बड़ा आर्थिक नुकसान पहुंचा है।

विशेषज्ञों का मानना है कि अगर यह खेती परिपक्व हो जाती, तो इससे भारी मात्रा में अफीम का उत्पादन संभव था, जो समाज और युवाओं के लिए गंभीर खतरा बन सकता था।

संलिप्त लोगों की पहचान जारी

चतरा पुलिस ने स्पष्ट किया है कि इस अवैध खेती में शामिल लोगों की पहचान की जा रही है। स्थानीय सूत्रों, तकनीकी साक्ष्यों और खुफिया जानकारी के आधार पर दोषियों को चिह्नित किया जा रहा है।

पुलिस का कहना है कि जिन लोगों की संलिप्तता सामने आएगी, उनके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट (NDPS Act) समेत अन्य संबंधित धाराओं के तहत कानूनी कार्रवाई की जाएगी। किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।

वन भूमि के दुरुपयोग पर भी सख्ती

यह मामला केवल मादक पदार्थों के उत्पादन तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें वन भूमि के अवैध उपयोग का भी गंभीर मामला जुड़ा हुआ है। वन क्षेत्रों में खेती करना न केवल गैर-कानूनी है, बल्कि इससे पर्यावरण को भी भारी नुकसान होता है।

पुलिस प्रशासन संबंधित विभागों के साथ समन्वय बनाकर ऐसे मामलों में आगे भी सख्त कदम उठाने की तैयारी में है।

आमजन से चतरा पुलिस की अपील

चतरा पुलिस ने इस कार्रवाई के बाद आम लोगों से विशेष अपील की है कि—

  • कोई भी व्यक्ति अवैध अफीम या अन्य नशीले पदार्थों की खेती न करे
  • यदि कहीं भी इस प्रकार की गतिविधि की जानकारी मिले, तो तुरंत पुलिस को सूचित करें
  • समाज और युवाओं को नशे से बचाने में पुलिस का सहयोग करें

पुलिस का मानना है कि जनसहयोग के बिना नशे के खिलाफ लड़ाई पूरी तरह सफल नहीं हो सकती

नशे के खिलाफ चतरा पुलिस की जीरो टॉलरेंस नीति

पुलिस अधीक्षक श्री सुमित कुमार अग्रवाल ने पहले ही स्पष्ट कर दिया है कि जिले में नशे के कारोबार के लिए कोई जगह नहीं है। आने वाले समय में भी ऐसे अभियान लगातार जारी रहेंगे और अवैध गतिविधियों में शामिल किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।

समाज के लिए अहम संदेश

यह कार्रवाई केवल कानून व्यवस्था की दृष्टि से ही नहीं, बल्कि सामाजिक चेतना के लिहाज से भी बेहद महत्वपूर्ण है। नशे की खेती और तस्करी युवाओं के भविष्य को अंधकार में धकेलती है। ऐसे में प्रशासन और समाज का एकजुट होना समय की सबसे बड़ी जरूरत है।

डिस्क्लेमर

यह समाचार लेख पुलिस द्वारा जारी आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति एवं उपलब्ध सूचनाओं के आधार पर तैयार किया गया है। इसमें दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल जनहित में सूचना प्रदान करना है। लेख में उल्लिखित तथ्यों में भविष्य में आधिकारिक जांच या अदालती प्रक्रिया के दौरान परिवर्तन संभव है। किसी भी प्रकार की कानूनी राय या निष्कर्ष के लिए संबंधित विभाग या प्राधिकरण की पुष्टि आवश्यक है।

Manish Singh Chandel

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Manish Singh Chandel रांची और झारखंड से जुड़ी खबरों पर सक्रिय रूप से रिपोर्टिंग करने वाले एक अनुभवी पत्रकार हैं। वे Bhaiyajii News में मुख्य संवाददाता (Chief Reporter) के रूप में कार्यरत हैं और राज्य से जुड़े प्रशासनिक, सामाजिक, शैक्षणिक, रोजगार, कानून व्यवस्था और जनहित के मुद्दों पर नियमित रूप से तथ्यात्मक और ज़मीनी रिपोर्टिंग करते हैं। स्थानीय खबरों की गहरी समझ और तेज़ रिपोर्टिंग के लिए जाने जाने वाले मनीष सिंह चंदेल रांची एवं झारखंड के विभिन्न इलाकों से सामने आने वाली घटनाओं, सरकारी फैसलों और नागरिक समस्याओं को प्राथमिकता के साथ कवर करते हैं। उनकी रिपोर्टिंग का उद्देश्य आम जनता तक सटीक, निष्पक्ष और भरोसेमंद जानकारी पहुँचाना है। बतौर मुख्य संवाददाता, वे ब्रेकिंग न्यूज़, फॉलो-अप रिपोर्ट, व्याख्यात्मक लेख (Explainables) और जनहित से जुड़ी विशेष रिपोर्ट्स पर काम करते हैं। प्रशासनिक सूत्रों, स्थानीय अधिकारियों और ज़मीनी स्तर की जानकारी के आधार पर तैयार की गई उनकी खबरें पाठकों के बीच विश्वसनीयता के लिए जानी जाती हैं। Manish Singh Chandel मानते हैं कि स्थानीय पत्रकारिता लोकतंत्र की सबसे मजबूत कड़ी होती है। इसी सोच के साथ वे रांची और झारखंड के नागरिक मुद्दों, विकास कार्यों, शिक्षा एवं रोजगार से जुड़ी सूचनाओं को सरल भाषा में प्रस्तुत करते हैं, ताकि हर वर्ग तक खबर की सही जानकारी पहुँच सके। Bhaiyajii News के साथ उनकी भूमिका सिर्फ खबरें प्रकाशित करने तक सीमित नहीं है, बल्कि वे संपादकीय मानकों, तथ्य-जांच और समयबद्ध रिपोर्टिंग को सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी भी निभाते हैं।

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