लोहरदगा गांजा बरामदगी : झारखंड के लोहरदगा जिले में पुलिस ने अंतरराज्यीय मादक पदार्थ तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए भारी मात्रा में अवैध गांजा बरामद किया है। पुलिस ने एक बारह चक्का ट्रक से 433 किलोग्राम गांजा जब्त किया है और इस मामले में दो तस्करों को गिरफ्तार किया गया है। यह कार्रवाई लोहरदगा थाना कांड संख्या 52/26 दिनांक 12 मार्च 2026 के तहत धारा 20(b)(ii)(C), 22(c) और 29 एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत दर्ज की गई है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार यह कार्रवाई गुप्त सूचना के आधार पर की गई, जिसमें बताया गया था कि एक ट्रक के जरिए झारखंड से होकर अवैध मादक पदार्थ की बड़ी खेप की अंतरराज्यीय तस्करी की जा रही है। सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक लोहरदगा के निर्देश पर एक विशेष छापामारी दल का गठन किया गया और सघन वाहन जांच अभियान चलाया गया।
गुप्त सूचना के आधार पर हुई कार्रवाई
पुलिस को 12 मार्च 2026 की रात गुप्त सूचना मिली कि ट्रक संख्या JH12H 9099 लोहरदगा जिले की सीमा में प्रवेश कर चुका है और उसमें भारी मात्रा में गांजा छिपाकर ले जाया जा रहा है। सूचना की गंभीरता को देखते हुए तत्काल कार्रवाई की योजना बनाई गई।
सत्यापन और आवश्यक कार्रवाई के लिए अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ) किस्को श्री वेदांत शंकर के नेतृत्व में एक विशेष छापामारी दल गठित किया गया। इस टीम में लोहरदगा थाना प्रभारी रत्नेश मोहन ठाकुर, पुलिस अवर निरीक्षक रवि रंजन कुमार, पप्पू कुमार, सहायक अवर निरीक्षक अमरनाथ पांडेय, तकनीकी शाखा के कर्मी और सशस्त्र पुलिस बल शामिल थे।
छापामारी दल ने लोहरदगा शहर के कचहरी मोड़ रेलवे ओवरब्रिज के पास बैरिकेडिंग लगाकर सघन वाहन जांच शुरू की। इस दौरान हर आने-जाने वाले वाहन की बारीकी से जांच की जा रही थी।
ट्रक रोककर की गई तलाशी
वाहन जांच के दौरान संदिग्ध ट्रक JH12H 9099 वहां पहुंचा, जिसे पुलिस ने रोककर जांच के लिए खड़ा कराया। ट्रक में मौजूद दो व्यक्तियों को नीचे उतारकर उनकी पहचान की गई। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान शमशेर अली (उम्र लगभग 48 वर्ष) और इकराम खां (उम्र लगभग 55 वर्ष) के रूप में हुई।
शमशेर अली बिहार के सारण जिले के मांझी थाना क्षेत्र के हसन अली बाजार का रहने वाला है, जबकि इकराम खां उत्तर प्रदेश के गोंडा जिले के नगर थाना क्षेत्र के फैजाबाद रोड बाईपास गिर्द का निवासी है।
दोनों आरोपियों की मौजूदगी में और एसडीपीओ किस्को की निगरानी में ट्रक की विधिवत तलाशी ली गई।
ट्रक के केबिन में बने गुप्त बॉक्स से मिला गांजा
तलाशी के दौरान पुलिस को ट्रक के केबिन में बने एक गुप्त बॉक्स पर संदेह हुआ। जब उस बॉक्स को खोलकर जांच की गई तो उसमें बड़ी मात्रा में पैकेट में पैक किया गया गांजा मिला।
इसके बाद सभी पैकेटों को बाहर निकालकर उनकी गिनती की गई। कुल 154 पैकेट बरामद हुए। जब इन पैकेटों का वजन किया गया तो कुल 433 किलोग्राम गांजा पाया गया।
पुलिस ने तुरंत सभी पैकेटों को जब्त कर लिया और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की।
तस्करी में इस्तेमाल ट्रक और मोबाइल भी जब्त
पुलिस ने गांजा के साथ-साथ तस्करी में इस्तेमाल किए जा रहे बारह चक्का ट्रक JH12H 9099 को भी जब्त कर लिया है। इसके अलावा आरोपियों के पास से दो मोबाइल फोन भी बरामद किए गए हैं, जिन्हें जांच के लिए जब्त किया गया है।
पुलिस अधिकारियों का मानना है कि मोबाइल फोन की जांच से तस्करी से जुड़े नेटवर्क और अन्य सहयोगियों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी मिल सकती है।
दोनों तस्कर गिरफ्तार
इस मामले में पुलिस ने दोनों आरोपियों शमशेर अली और इकराम खां को मौके से ही गिरफ्तार कर लिया। दोनों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि गांजा कहां से लाया गया था और इसे कहां पहुंचाया जाना था। साथ ही इस तस्करी के पीछे सक्रिय नेटवर्क और अन्य लोगों की भी पहचान करने की कोशिश की जा रही है।
अंतरराज्यीय तस्करी की आशंका
प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि यह मामला अंतरराज्यीय तस्करी से जुड़ा हुआ है। आरोपियों का संबंध बिहार और उत्तर प्रदेश से होने के कारण पुलिस को संदेह है कि इस नेटवर्क में कई राज्यों के लोग शामिल हो सकते हैं।
पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि गांजा की यह खेप किस राज्य से लाई गई थी और इसे किस राज्य में सप्लाई किया जाना था।
छापामारी दल की भूमिका
इस पूरी कार्रवाई में छापामारी दल के सदस्यों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। टीम का नेतृत्व एसडीपीओ किस्को वेदांत शंकर कर रहे थे। उनके साथ लोहरदगा थाना प्रभारी रत्नेश मोहन ठाकुर, पुलिस अवर निरीक्षक रवि रंजन कुमार, पप्पू कुमार और सहायक अवर निरीक्षक अमरनाथ पांडेय मौजूद थे।
इसके अलावा तकनीकी शाखा के कर्मी नीरज कुमार मिश्र, निर्मल मार्शल मिंज, विपिन हजाम, बुधराम सिंह मुंडा सहित लोहरदगा थाना के सशस्त्र बल के जवान भी इस अभियान में शामिल थे।
सभी अधिकारियों और जवानों ने मिलकर योजनाबद्ध तरीके से इस कार्रवाई को अंजाम दिया।
मादक पदार्थ तस्करी के खिलाफ सख्ती
लोहरदगा पुलिस की यह कार्रवाई मादक पदार्थ तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान का हिस्सा है। पुलिस प्रशासन लगातार ऐसे अपराधों पर नजर बनाए हुए है और तस्करों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रहा है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि भविष्य में भी इस तरह की अवैध गतिविधियों के खिलाफ अभियान जारी रहेगा और तस्करों को किसी भी हालत में बख्शा नहीं जाएगा।
निष्कर्ष
लोहरदगा पुलिस की इस बड़ी कार्रवाई से अंतरराज्यीय गांजा तस्करी के एक बड़े प्रयास को नाकाम कर दिया गया है। 433 किलोग्राम गांजा की बरामदगी न केवल पुलिस की सतर्कता को दर्शाती है, बल्कि यह भी दिखाती है कि राज्य में मादक पदार्थ तस्करी के खिलाफ अभियान कितनी गंभीरता से चलाया जा रहा है।
फिलहाल पुलिस इस मामले की गहराई से जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस तस्करी नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं। उम्मीद की जा रही है कि आगे की जांच में इस गिरोह से जुड़े अन्य लोगों का भी खुलासा हो सकता है।



