हजारीबाग NDPS | 31 जनवरी 2026
झारखंड में नशे के बढ़ते कारोबार के खिलाफ चल रहे सख्त अभियान के तहत हजारीबाग पुलिस को एक और बड़ी कामयाबी मिली है। कोर्रा थाना क्षेत्र में की गई इस सुनियोजित और त्वरित कार्रवाई में पुलिस ने 166.5 ग्राम ब्राउन शुगर, ₹3,51,700 नकद, दो मोटरसाइकिल और छह मोबाइल फोन जब्त करते हुए कुल 07 नशा तस्करों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई न केवल हजारीबाग बल्कि पूरे उत्तर झारखंड में नशे के अवैध नेटवर्क पर बड़ा प्रहार मानी जा रही है।
यह मामला इसलिए भी अहम है क्योंकि प्रारंभिक जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि तस्करी का यह नेटवर्क चतरा से हजारीबाग तक फैला हुआ था और लंबे समय से युवाओं को नशे की गिरफ्त में धकेल रहा था। पुलिस की इस कार्रवाई से तस्करों के मंसूबों पर पानी फिर गया है और अवैध कारोबार में संलिप्त अन्य लोगों में भी हड़कंप मचा हुआ है।
गुप्त सूचना बनी कार्रवाई की नींव
दिनांक 30 जनवरी 2026 को पुलिस अधीक्षक, हजारीबाग को एक विश्वसनीय गुप्त सूचना प्राप्त हुई। सूचना में बताया गया था कि कोर्रा थाना क्षेत्र अंतर्गत नगवां हवाई अड्डा के आसपास कुछ लोग बड़े पैमाने पर ब्राउन शुगर की खरीद–बिक्री कर रहे हैं। सूचना की गंभीरता को देखते हुए बिना समय गंवाए इसका सत्यापन किया गया।
सूचना सही पाए जाने के बाद अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, सदर, हजारीबाग के नेतृत्व में एक विशेष छापामारी दल का गठन किया गया। इस दल में कोर्रा थाना के अनुभवी पदाधिकारी, तकनीकी शाखा, नक्सल शाखा और सशस्त्र बल को शामिल किया गया ताकि किसी भी स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटा जा सके।
छापेमारी का पूरा घटनाक्रम
पुलिस टीम ने रणनीति के तहत नगवां हवाई अड्डा एवं काठी नेशन होटल के पीछे स्थित एक खंडहरनुमा मकान को चिन्हित किया। यह इलाका अपेक्षाकृत सुनसान होने के कारण तस्करों के लिए सुरक्षित ठिकाना बना हुआ था। जैसे ही पुलिस टीम ने इलाके की घेराबंदी की, वहां मौजूद कुछ व्यक्ति पुलिस को देखकर भागने लगे।
हालांकि, पहले से तैयार पुलिस दल ने तत्परता दिखाते हुए सभी संदिग्धों को दौड़ाकर पकड़ लिया। इसके बाद कानूनी प्रक्रिया का पालन करते हुए सभी की विधिवत तलाशी ली गई। तलाशी के दौरान पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी—सभी आरोपियों के पास से कुल 166.5 ग्राम ब्राउन शुगर और ₹3,51,700 नकद बरामद किए गए। इसके अलावा, दो मोटरसाइकिल और छह मोबाइल फोन भी जब्त किए गए, जिनका इस्तेमाल तस्करी और आपसी संपर्क के लिए किया जा रहा था।
गिरफ्तार अभियुक्त और उनका आपराधिक नेटवर्क
गिरफ्तार किए गए आरोपियों ने पूछताछ में अपने नाम—
सावन कुमार, संतोष कुमार, प्रशांत कुमार, अनिल कुमार, संतोष कुमार साव, योगेश प्रसाद और धर्मेन्द्र कुमार सिंह— बताए। उम्र और पृष्ठभूमि की जांच में यह सामने आया कि इनमें से अधिकांश आरोपी युवा और सक्रिय उम्र वर्ग से हैं, जो त्वरित कमाई के लालच में नशे के कारोबार से जुड़ गए थे।
पूछताछ में यह भी खुलासा हुआ कि ये सभी अभियुक्त चतरा जिला से ब्राउन शुगर लाकर हजारीबाग के अलग-अलग इलाकों में सप्लाई करते थे। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार अभियुक्तों में संतोष कुमार साव (ईंटखोरी, चतरा) इस नेटवर्क का मुख्य पैडलर है, जो लंबे समय से तस्करी का संचालन कर रहा था। अन्य आरोपी उसके लिए कूरियर, ग्राहक संपर्क और वितरण का काम संभालते थे।
दर्ज धाराएं और कानूनी प्रक्रिया
इस पूरे मामले में कोर्रा थाना कांड संख्या 17/26, दिनांक 30.01.2026 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है। आरोपियों पर भारतीय न्याय संहिता की धारा 111(2)(b)/3(5) बीएनएस के साथ-साथ NDPS Act की धारा 21(b), 22(b), 25 और 29 लगाई गई हैं। पुलिस ने सभी आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
कानून विशेषज्ञों के अनुसार, NDPS एक्ट के तहत यह अपराध गंभीर श्रेणी में आता है और दोष सिद्ध होने पर आरोपियों को लंबी सजा और भारी जुर्माने का सामना करना पड़ सकता है।
बरामद सामग्री का विवरण
पुलिस द्वारा जब्त की गई सामग्री इस प्रकार है:
- ब्राउन शुगर – 166.5 ग्राम
- नकद राशि – ₹3,51,700/-
- मोटरसाइकिल – 02
- मोबाइल फोन – 06
इन सभी साक्ष्यों को सुरक्षित रूप से सील कर आगे की जांच के लिए भेजा गया है। मोबाइल फोन की डिजिटल फॉरेंसिक जांच से अन्य सहयोगियों और लेन-देन के सुराग मिलने की संभावना जताई जा रही है।
छापामारी दल की अहम भूमिका
इस सफल कार्रवाई में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (सदर) के साथ कोर्रा थाना प्रभारी, अन्य पुलिस अवर निरीक्षक, तकनीकी शाखा एवं नक्सल शाखा के पदाधिकारी/कर्मी तथा कोर्रा थाना का सशस्त्र बल शामिल था। टीमवर्क, सटीक योजना और जमीनी सूचना के बेहतर इस्तेमाल से यह ऑपरेशन सफल रहा।
जनवरी 2026: नशे के खिलाफ हजारीबाग पुलिस का रिकॉर्ड अभियान
जनवरी 2026 का महीना हजारीबाग पुलिस के लिए एंटी-ड्रग अभियान के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण रहा है। इस दौरान पुलिस ने कई बड़ी कार्रवाइयों को अंजाम दिया:
- लोहसिंघना थाना क्षेत्र से लगभग 20.5 किलोग्राम अफीम बरामद कर 03 तस्करों को गिरफ्तार किया गया।
- ईचाक और कोर्रा थाना क्षेत्र से कुल 212.7 ग्राम ब्राउन शुगर के साथ 14 अभियुक्त पकड़े गए।
- दारू थाना क्षेत्र से 48.01 किलोग्राम गांजा, एक डस्टर वाहन और एक आरोपी गिरफ्तार किया गया।
- चौपारण थाना क्षेत्र में लगभग 320 एकड़ अवैध अफीम की खेती को नष्ट किया गया, साथ ही खेती में प्रयुक्त उपकरण जब्त किए गए।
ये सभी आंकड़े यह दर्शाते हैं कि हजारीबाग पुलिस नशे के खिलाफ लगातार और निर्णायक कार्रवाई कर रही है।
समाज पर नशे का दुष्प्रभाव और पुलिस की अपील
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि नशा केवल व्यक्ति नहीं, बल्कि पूरे समाज को खोखला करता है। युवा पीढ़ी इसके सबसे बड़े शिकार बनती है। इसी को ध्यान में रखते हुए पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे अपने आसपास होने वाली किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को दें। सूचना देने वाले की पहचान पूर्णतः गोपनीय रखी जाएगी।
निष्कर्ष
कोर्रा थाना क्षेत्र में की गई यह बड़ी NDPS कार्रवाई यह साबित करती है कि हजारीबाग पुलिस नशे के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति पर काम कर रही है। 166.5 ग्राम ब्राउन शुगर और लाखों की नकदी के साथ 7 तस्करों की गिरफ्तारी न केवल एक बड़ी उपलब्धि है, बल्कि यह आने वाले समय में नशा तस्करों के नेटवर्क को तोड़ने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगी। पुलिस का यह अभियान तब तक जारी रहेगा, जब तक जिले को नशा मुक्त नहीं बना दिया जाता।





