झारखंड की राजधानी रांची के ओरमांझी थाना क्षेत्र में हुई बड़ी चोरी की घटना का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। इस मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से नगद राशि, दो मोटरसाइकिल और चार एंड्रॉइड मोबाइल फोन भी बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार यह मामला ओरमांझी थाना कांड संख्या 32/2026, दिनांक 8 मार्च 2026 के तहत दर्ज किया गया था।
घर में ताला तोड़कर की गई बड़ी चोरी
मामले की जानकारी देते हुए पुलिस ने बताया कि इस कांड के वादी विक्रांत तिवारी ने 8 मार्च 2026 को ओरमांझी थाना में लिखित आवेदन दिया था। आवेदन में उन्होंने बताया कि वे अपने परिवार के साथ कुछ दिनों के लिए घर बंद करके बाहर गए हुए थे। जब वे वापस अपने घर लौटे तो उन्होंने पाया कि घर के दरवाजे पर लगा ताला ठीक से नहीं खुल रहा है।
ताला को ध्यान से देखने पर उन्हें शक हुआ कि किसी ने दरवाजे पर दूसरा ताला लगा दिया है। इसके बाद उन्होंने ताला तोड़कर घर के अंदर प्रवेश किया। घर के अंदर का दृश्य देखकर वे हैरान रह गए। घर का सारा सामान बिखरा हुआ था और अलमारी खुली हुई थी।
लाखों की नकदी और जेवरात चोरी
जब विक्रांत तिवारी ने घर में रखे सामान की जांच की तो उन्हें पता चला कि घर में रखा करीब 7,28,000 रुपये नगद और लगभग 60 लाख रुपये के सोने-चांदी के जेवरात गायब हैं। अज्ञात चोरों द्वारा इतनी बड़ी चोरी की घटना को अंजाम दिया गया था।घटना की सूचना मिलते ही ओरमांझी थाना पुलिस हरकत में आ गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक रांची के निर्देश पर तुरंत एक विशेष छापामारी टीम का गठन किया गया।
पुलिस ने शुरू की त्वरित जांच
छापामारी टीम ने घटना के बाद इलाके में जांच शुरू कर दी। पुलिस ने आसपास के लोगों से पूछताछ की और संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी जुटाई। साथ ही तकनीकी साक्ष्यों और मोबाइल कॉल डिटेल्स के आधार पर भी जांच को आगे बढ़ाया गया।
पुलिस की सक्रियता और लगातार प्रयास के कारण जल्द ही इस मामले में कुछ संदिग्ध लोगों की पहचान हो गई। इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
तीन आरोपी गिरफ्तार
पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपियों में पहला आरोपी मृत्युंजय कुमार उर्फ बॉबी (उम्र 25 वर्ष) है। वह बोकारो जिले के हरला थाना क्षेत्र के महुवार का रहने वाला है। वर्तमान में वह रांची जिले के बीआईटी क्षेत्र के केदल इलाके में रह रहा था।दूसरा आरोपी पारस कुमार चौधरी (उम्र 23 वर्ष) है। वह रांची के लालपुर थाना क्षेत्र के हरिहर सिंह रोड मोराबादी का रहने वाला है। उसका स्थायी पता गिरिडीह जिले के धनवार थाना क्षेत्र के भींगोडीह गांव का बताया गया है।तीसरा आरोपी हरप्रीत सिंह उर्फ मोन्टी (उम्र 38 वर्ष) है। वह बोकारो स्टील सिटी के चास थाना क्षेत्र के गोबिंद सिंह कॉलोनी का निवासी है।
आरोपियों के पास से बरामदगी
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के पास से कुछ सामान भी बरामद किया है। पुलिस के अनुसार आरोपियों के पास से कुल 61,500 रुपये नगद बरामद किए गए हैं। इसके अलावा चोरी की घटना में इस्तेमाल की गई दो मोटरसाइकिल भी जब्त की गई हैं।जब्त की गई मोटरसाइकिलों के नंबर JH02P 4272 और JH01FD 9968 बताए गए हैं। इसके अलावा पुलिस ने आरोपियों के पास से चार एंड्रॉइड मोबाइल फोन भी बरामद किए हैं।पुलिस का मानना है कि इन मोबाइल फोन के जरिए अपराध से जुड़े अन्य सुराग भी मिल सकते हैं।
पुलिस कर रही आगे की जांच
हालांकि चोरी की गई पूरी रकम और जेवरात अभी बरामद नहीं हो पाए हैं। पुलिस का कहना है कि आरोपियों से पूछताछ जारी है और जल्द ही चोरी की गई बाकी संपत्ति भी बरामद कर ली जाएगी।पुलिस यह भी जांच कर रही है कि इस घटना में और कौन-कौन लोग शामिल हो सकते हैं। संभावना जताई जा रही है कि इस चोरी में और भी लोगों की संलिप्तता हो सकती है।
छापामारी टीम की भूमिका
इस पूरे मामले के खुलासे में ओरमांझी थाना की पुलिस टीम की अहम भूमिका रही। छापामारी दल का नेतृत्व थाना प्रभारी पुलिस निरीक्षक शशिभूषण चौधरी ने किया।उनके साथ पुलिस अवर निरीक्षक अमित कुमार, विनय कुमार, रंजीत कुमार गहतो, सहायक अवर निरीक्षक हेमंत यादव, आरक्षी महेंद्र राम और गृहरक्षक अनिल कुमार महतो भी शामिल थे।पुलिस टीम ने लगातार प्रयास और समन्वय के साथ इस मामले का खुलासा किया।
इलाके में बढ़ी सतर्कता
इस घटना के बाद पुलिस ने इलाके में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने का निर्णय लिया है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि यदि वे घर से बाहर जा रहे हों तो आसपास के लोगों या पुलिस को इसकी जानकारी दें।इसके अलावा पुलिस ने यह भी कहा है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।
निष्कर्ष
ओरमांझी थाना क्षेत्र में हुई इस बड़ी चोरी की घटना का पुलिस द्वारा खुलासा किया जाना एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है। हालांकि चोरी की गई पूरी संपत्ति अभी बरामद नहीं हो सकी है, लेकिन आरोपियों की गिरफ्तारी से पुलिस को आगे की जांच में काफी मदद मिलने की उम्मीद है।
पुलिस का कहना है कि जल्द ही इस मामले में और भी खुलासे हो सकते हैं। वहीं आम लोगों से भी सतर्क रहने और अपने घरों की सुरक्षा के प्रति जागरूक रहने की अपील की गई है।



