Jamshedpur News : पूर्वी सिंहभूम जिला प्रशासन ने शहर की साफ-सफाई, पेयजलापूर्ति, प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) और नागरिक सुविधाओं को लेकर बड़ी समीक्षा बैठक आयोजित की। समाहरणालय सभागार में आयोजित इस बैठक की अध्यक्षता उपायुक्त श्री राजीव रंजन ने की। बैठक में नगर निकायों द्वारा संचालित विकास योजनाओं की प्रगति, शहरी आधारभूत संरचना, शेल्टर होम, डॉग शेल्टर, स्ट्रीट लाइट, नाला सफाई और कचरा प्रबंधन जैसे मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई। उपायुक्त ने अधिकारियों को कई महत्वपूर्ण निर्देश देते हुए कहा कि नागरिक सुविधाओं में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
बैठक में विशेष रूप से गर्मी के मौसम को देखते हुए पेयजल आपूर्ति और साफ-सफाई व्यवस्था पर फोकस किया गया। उपायुक्त ने सभी नगर निकायों को निर्देश दिया कि आम जनता को किसी प्रकार की परेशानी न हो और सभी योजनाओं का लाभ समय पर लोगों तक पहुंचे।
प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) की हुई समीक्षा
बैठक के दौरान प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। अधिकारियों ने बताया कि संपर्क पथ निर्माण का कार्य पूरा हो चुका है और दो आवासीय ब्लॉकों का निर्माण भी समाप्त हो गया है। इन ब्लॉकों में कुल 644 लाभुकों को शिफ्ट किया जाना है।
प्रशासन ने जानकारी दी कि अब तक 192 लाभुकों को बिजली कनेक्शन उपलब्ध कराया जा चुका है। हालांकि कई लाभुक अब भी मूलभूत सुविधाओं का इंतजार कर रहे हैं। इस पर उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि नाली निर्माण का कार्य 31 मई तक हर हाल में पूरा किया जाए। साथ ही शेष लाभुकों को भी जल्द बिजली कनेक्शन उपलब्ध कराया जाए ताकि लोगों को नए आवासों में शिफ्ट होने में किसी प्रकार की दिक्कत न हो।
विशेषज्ञों का मानना है कि प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी गरीबों के लिए बड़ी राहत साबित हो रही है। लेकिन कई बार निर्माण कार्य और मूलभूत सुविधाओं में देरी के कारण लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। ऐसे में प्रशासन की सख्ती को महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
बस स्टॉप और यात्री सुविधाओं पर जोर
भीषण गर्मी को देखते हुए बैठक में शहर के बस स्टॉप और यात्री सुविधाओं की स्थिति की भी समीक्षा की गई। उपायुक्त ने सभी नगर निकायों को निर्देश दिया कि शहर के सभी प्रमुख बस स्टॉप की पहचान कर आवश्यक मरम्मत कार्य जल्द पूरा किया जाए।
उन्होंने कहा कि गर्मी के मौसम में यात्रियों और राहगीरों को छांव और बुनियादी सुविधाएं मिलनी चाहिए। कई जगहों पर बस स्टॉप की खराब स्थिति को लेकर शिकायतें मिल रही थीं, जिसके बाद प्रशासन ने इस मुद्दे को गंभीरता से लिया।
इसके अलावा सैरात बाजारों के रेट फिक्सेशन की प्रक्रिया को भी जल्द पूरा करने के निर्देश दिए गए ताकि बाजारों में पारदर्शिता बनी रहे और आम लोगों को उचित दरों पर सुविधाएं मिल सकें।
पेयजल संकट को लेकर प्रशासन सतर्क
बैठक में पेयजल आपूर्ति सबसे अहम मुद्दों में शामिल रही। विशेष रूप से मानगो नगर निगम क्षेत्र में पेयजल संकट को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। अधिकारियों ने बताया कि क्षेत्र में कुल 22 ड्राई जोन चिन्हित किए गए हैं, जहां पानी की समस्या गंभीर बनी हुई है।
इनमें से 12 इलाकों में टैंकर के माध्यम से पानी की आपूर्ति की जा रही है। उपायुक्त ने निर्देश दिया कि किसी भी क्षेत्र में पेयजल संकट की स्थिति नहीं बननी चाहिए और जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त टैंकर लगाए जाएं।
उन्होंने एमजीएम अस्पताल में भी निर्बाध पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। अस्पतालों में पानी की कमी को गंभीर समस्या मानते हुए प्रशासन ने कहा कि मरीजों और उनके परिजनों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए।
गर्मी के मौसम में जमशेदपुर और आसपास के इलाकों में जल संकट अक्सर गंभीर रूप ले लेता है। ऐसे में प्रशासन की यह समीक्षा बैठक काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
साफ-सफाई और कचरा प्रबंधन पर विशेष फोकस
उपायुक्त ने नगर निकायों को साफ-सफाई व्यवस्था की नियमित मॉनिटरिंग करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि शहर में कहीं भी कचरे का अंबार नहीं लगना चाहिए और डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण व्यवस्था को और मजबूत किया जाए।
बैठक में सार्वजनिक शौचालयों की सफाई, नाला सफाई और वर्षा पूर्व तैयारियों की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि बारिश शुरू होने से पहले सभी नालों की सफाई पूरी कर ली जाए ताकि जलजमाव की स्थिति उत्पन्न न हो।
विशेषज्ञों का कहना है कि मानसून से पहले नालों की सफाई बेहद जरूरी होती है। समय पर सफाई नहीं होने पर शहरी इलाकों में जलभराव और बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है।
शेल्टर होम की सुविधाओं की जांच
बैठक में शहरी बेघरों के लिए संचालित शेल्टर होम की स्थिति की भी समीक्षा की गई। उपायुक्त ने अधिकारियों से वहां उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी ली।
उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया कि किसी भी शेल्टर होम में पेयजल और बिजली की समस्या नहीं रहनी चाहिए। साथ ही पंखों की मरम्मत, साफ-सफाई और अन्य जरूरी सुविधाएं प्राथमिकता के आधार पर उपलब्ध कराने को कहा।
गर्मी के मौसम में शेल्टर होम में रहने वाले लोगों को विशेष सुविधाओं की जरूरत होती है। ऐसे में प्रशासन ने अधिकारियों को संवेदनशीलता के साथ काम करने का निर्देश दिया।
स्ट्रीट डॉग प्रबंधन पर प्रशासन सख्त
बैठक में स्ट्रीट डॉग प्रबंधन और डॉग शेल्टर होम संचालन को लेकर भी चर्चा हुई। उपायुक्त ने सभी नगर निकायों को डॉग शेल्टर के लिए उपयुक्त स्थल चिन्हित करने के निर्देश दिए।
अधिकारियों ने बताया कि जेएनएसी क्षेत्र में डॉग शेल्टर पहले से संचालित किया जा रहा है। अब अन्य नगर निकायों में भी जल्द डॉग शेल्टर शुरू करने की तैयारी की जा रही है।
इसके साथ ही स्ट्रीट डॉग के वैक्सीनेशन अभियान में तेजी लाने को कहा गया। हाल के दिनों में कई शहरों में आवारा कुत्तों से जुड़ी घटनाएं सामने आई हैं, जिसके बाद प्रशासन इस मुद्दे को गंभीरता से देख रहा है।
स्ट्रीट लाइट और नागरिक सुविधाओं पर समीक्षा
बैठक में स्ट्रीट लाइट की कार्यशीलता की भी समीक्षा की गई। उपायुक्त ने निर्देश दिया कि खराब स्ट्रीट लाइट को जल्द ठीक किया जाए ताकि लोगों को रात में परेशानी न हो।
उन्होंने कहा कि नागरिक सुविधाओं को प्राथमिकता देना नगर निकायों की जिम्मेदारी है। आम लोगों की शिकायतों का त्वरित समाधान किया जाए और सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ काम करें।
इसके अलावा वर्षा पूर्व तैयारियों, सार्वजनिक सुविधाओं और शहरी विकास योजनाओं की प्रगति पर भी अधिकारियों से रिपोर्ट ली गई।
प्रशासन ने दिए जवाबदेही के संकेत
बैठक के दौरान उपायुक्त का रुख काफी सख्त नजर आया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि विकास योजनाओं में लापरवाही करने वाले अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है।
विशेषज्ञों का मानना है कि शहरी क्षेत्रों में तेजी से बढ़ती आबादी और बढ़ती जरूरतों के बीच नगर निकायों की भूमिका काफी महत्वपूर्ण हो गई है। ऐसे में प्रशासनिक समीक्षा बैठकों का उद्देश्य योजनाओं को जमीन पर प्रभावी ढंग से लागू करना होता है।
नागरिकों को बेहतर सुविधाएं देने पर जोर
बैठक के अंत में उपायुक्त ने कहा कि नगर निकायों का मुख्य उद्देश्य नागरिकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि आमजन की समस्याओं को गंभीरता से सुनें और उनका समय पर समाधान सुनिश्चित करें।
उन्होंने कहा कि साफ-सफाई, पेयजल, सड़क, स्ट्रीट लाइट और शेल्टर होम जैसी बुनियादी सुविधाएं लोगों का अधिकार हैं। इन सेवाओं में किसी प्रकार की कमी नहीं होनी चाहिए।
बैठक में अपर नगर आयुक्त जेएनएसी समेत सभी नगर निकायों के सहायक नगर आयुक्त, विशेष पदाधिकारी, अभियंता, सिटी मैनेजर और अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे। प्रशासन की इस समीक्षा बैठक को शहर की आधारभूत सुविधाओं को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।







