Homeरांची न्यूज़बोकारो DTO कार्यालय की बदहाल व्यवस्था देख भड़के परिवहन सचिव, अधिकारियों को...

बोकारो DTO कार्यालय की बदहाल व्यवस्था देख भड़के परिवहन सचिव, अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश | Jharkhand News | Bhaiyajii News

- Advertisement -spot_img

बोकारो DTO कार्यालय : झारखंड के बोकारो स्थित जिला परिवहन कार्यालय (DTO Office) की व्यवस्था को लेकर बड़ा मामला सामने आया है। राज्य के परिवहन सचिव राजीव रंजन डे ने जब कार्यालय का निरीक्षण किया तो वहां की स्थिति देखकर नाराजगी जताई। निरीक्षण के दौरान कार्यालय की अव्यवस्था, खराब व्यवस्थाओं और आम लोगों को हो रही परेशानियों को लेकर उन्होंने अधिकारियों को फटकार लगाई और तत्काल सुधार के निर्देश दिए।

बताया जा रहा है कि परिवहन सचिव के दौरे के दौरान कार्यालय की हालत, साफ-सफाई, व्यवस्था और आम नागरिकों के लिए सुविधाओं की कमी को लेकर गंभीर सवाल उठे। सचिव ने कहा कि यदि एक वरिष्ठ अधिकारी को कार्यालय खोजने में परेशानी हो सकती है, तो आम लोगों को कितनी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता होगा, यह सोचने वाली बात है।

निरीक्षण के दौरान सामने आई कई खामियां

जानकारी के अनुसार परिवहन सचिव राजीव रंजन डे अचानक बोकारो DTO कार्यालय पहुंचे और वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान कार्यालय परिसर की स्थिति, रिकॉर्ड प्रबंधन, बैठने की व्यवस्था और नागरिक सुविधाओं में कई कमियां सामने आईं।

सूत्रों के मुताबिक सचिव कार्यालय की वर्तमान स्थिति से संतुष्ट नजर नहीं आए। उन्होंने अधिकारियों से पूछा कि आखिर इतने महत्वपूर्ण विभाग की हालत ऐसी क्यों है और लोगों को बुनियादी सुविधाएं तक क्यों नहीं मिल पा रही हैं।

कई लोगों ने भी शिकायत की कि लाइसेंस, वाहन रजिस्ट्रेशन और अन्य कामों के लिए आने वाले लोगों को घंटों इंतजार करना पड़ता है। गर्मी और भीड़ के बीच पर्याप्त सुविधाएं नहीं होने से आम नागरिक परेशान होते हैं।

“कार्यालय खोजने में ही लग गया समय”

निरीक्षण के बाद मीडिया से बातचीत में परिवहन सचिव ने कहा कि उन्हें स्वयं परिवहन कार्यालय तक पहुंचने में दिक्कत हुई। उन्होंने इसे गंभीर विषय बताते हुए कहा कि जब एक अधिकारी को परेशानी हो सकती है तो आम जनता की स्थिति समझी जा सकती है।

उन्होंने यह भी कहा कि परिवहन विभाग को लेकर जो आधुनिक और व्यवस्थित कार्यालय की कल्पना की गई थी, बोकारो में वैसी व्यवस्था दिखाई नहीं दी। सचिव ने स्पष्ट संकेत दिए कि विभागीय लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

डीसी को दिए तत्काल कार्रवाई के निर्देश

निरीक्षण के बाद परिवहन सचिव ने बोकारो उपायुक्त को DTO कार्यालय की स्थिति में जल्द सुधार लाने का निर्देश दिया। उन्होंने कार्यालय को बेहतर जगह शिफ्ट करने और सुविधाओं को मजबूत करने की बात कही।

सूत्रों के अनुसार सचिव ने कहा कि परिवहन विभाग सीधे आम जनता से जुड़ा विभाग है, इसलिए यहां पारदर्शी और सुगम व्यवस्था होना बेहद जरूरी है। उन्होंने अधिकारियों को समयबद्ध तरीके से सुधार कार्य पूरा करने का निर्देश दिया।

आम लोगों को होती है भारी परेशानी

DTO कार्यालय में हर दिन बड़ी संख्या में लोग लाइसेंस, वाहन रजिस्ट्रेशन, टैक्स, परमिट और अन्य जरूरी कामों के लिए पहुंचते हैं। लेकिन कई बार लंबी लाइन, तकनीकी दिक्कतें और कर्मचारियों की कमी के कारण लोगों को परेशानी उठानी पड़ती है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बार छोटे कामों के लिए भी कई दिनों तक चक्कर लगाने पड़ते हैं। वहीं एजेंटों की सक्रियता और अव्यवस्थित प्रक्रिया को लेकर भी शिकायतें सामने आती रही हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि परिवहन कार्यालयों की व्यवस्था बेहतर हो जाए तो लोगों का समय और पैसा दोनों बच सकते हैं।

डिजिटल व्यवस्था के बावजूद समस्याएं

सरकार लगातार परिवहन विभाग में डिजिटल सेवाओं को बढ़ावा देने की बात करती रही है। ऑनलाइन आवेदन, स्लॉट बुकिंग और डिजिटल दस्तावेज जैसी सुविधाएं शुरू की गई हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर अभी भी कई समस्याएं बनी हुई हैं।

कई लोग तकनीकी समस्याओं, सर्वर डाउन और प्रक्रिया की जानकारी नहीं होने के कारण परेशान होते हैं। ग्रामीण इलाकों से आने वाले लोगों को विशेष रूप से ज्यादा दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।

विशेषज्ञों का कहना है कि डिजिटल सेवाओं के साथ-साथ जमीनी स्तर पर कर्मचारियों की जवाबदेही और नागरिक सुविधा केंद्रों को मजबूत करना भी जरूरी है।

परिवहन विभाग की छवि सुधारने की चुनौती

देश के कई राज्यों में परिवहन विभाग को लेकर भ्रष्टाचार, देरी और अव्यवस्था की शिकायतें लंबे समय से उठती रही हैं। बोकारो DTO कार्यालय को लेकर सामने आया मामला भी इसी चुनौती की ओर संकेत करता है।

विशेषज्ञों का कहना है कि परिवहन विभाग आम जनता से सबसे ज्यादा जुड़ा हुआ विभागों में से एक है। यदि यहां पारदर्शिता और बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित की जाए तो लोगों का सरकारी व्यवस्था पर भरोसा मजबूत हो सकता है।

कर्मचारियों की जवाबदेही पर जोर

सूत्रों के अनुसार निरीक्षण के दौरान कर्मचारियों की कार्यशैली और जवाबदेही पर भी चर्चा हुई। अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने को कहा गया कि जनता के काम समय पर पूरे हों और किसी को अनावश्यक रूप से परेशान न किया जाए।

परिवहन विभाग में लंबित फाइलों, धीमी प्रक्रिया और शिकायत निवारण प्रणाली को लेकर भी सुधार की आवश्यकता महसूस की जा रही है।

भविष्य में हो सकते हैं और निरीक्षण

माना जा रहा है कि राज्य सरकार अब अन्य जिलों के परिवहन कार्यालयों की भी समीक्षा कर सकती है। यदि बोकारो जैसे मामलों में सुधार नहीं हुआ तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई भी हो सकती है।

विशेषज्ञों का कहना है कि अचानक निरीक्षण से विभागीय कर्मचारियों में जवाबदेही बढ़ती है और जमीनी हकीकत सामने आती है।

जनता ने कार्रवाई का किया स्वागत

बोकारो DTO कार्यालय की स्थिति को लेकर लंबे समय से शिकायतें सामने आती रही हैं। ऐसे में परिवहन सचिव द्वारा सीधे निरीक्षण और नाराजगी जताने को कई लोगों ने सकारात्मक कदम बताया है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि सरकार वास्तव में व्यवस्था सुधारने के लिए गंभीर है तो आम जनता को बड़ी राहत मिल सकती है। लोगों को उम्मीद है कि अब कार्यालय की स्थिति में सुधार होगा और कामकाज अधिक व्यवस्थित तरीके से हो सकेगा।

निष्कर्ष

बोकारो DTO कार्यालय के निरीक्षण के दौरान परिवहन सचिव की नाराजगी ने विभागीय व्यवस्था पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। यह मामला केवल एक कार्यालय की बदहाल स्थिति तक सीमित नहीं, बल्कि सरकारी सेवाओं की गुणवत्ता और आम लोगों की परेशानियों से भी जुड़ा हुआ है।

यदि सरकार और प्रशासन इस मामले में तेजी से सुधारात्मक कदम उठाते हैं तो परिवहन विभाग की कार्यप्रणाली में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। फिलहाल सचिव के सख्त रुख ने साफ कर दिया है कि जनता से जुड़े विभागों में लापरवाही अब आसानी से स्वीकार नहीं की जाएगी।

- Advertisement -spot_img
Manish Singh Chandel
Manish Singh Chandelhttps://bhaiyajiinews.in
Manish Singh Chandel रांची और झारखंड से जुड़ी खबरों पर सक्रिय रूप से रिपोर्टिंग करने वाले एक अनुभवी पत्रकार हैं। वे Bhaiyajii News में मुख्य संवाददाता (Chief Reporter) के रूप में कार्यरत हैं और राज्य से जुड़े प्रशासनिक, सामाजिक, शैक्षणिक, रोजगार, कानून व्यवस्था और जनहित के मुद्दों पर नियमित रूप से तथ्यात्मक और ज़मीनी रिपोर्टिंग करते हैं। स्थानीय खबरों की गहरी समझ और तेज़ रिपोर्टिंग के लिए जाने जाने वाले मनीष सिंह चंदेल रांची एवं झारखंड के विभिन्न इलाकों से सामने आने वाली घटनाओं, सरकारी फैसलों और नागरिक समस्याओं को प्राथमिकता के साथ कवर करते हैं। उनकी रिपोर्टिंग का उद्देश्य आम जनता तक सटीक, निष्पक्ष और भरोसेमंद जानकारी पहुँचाना है। बतौर मुख्य संवाददाता, वे ब्रेकिंग न्यूज़, फॉलो-अप रिपोर्ट, व्याख्यात्मक लेख (Explainables) और जनहित से जुड़ी विशेष रिपोर्ट्स पर काम करते हैं। प्रशासनिक सूत्रों, स्थानीय अधिकारियों और ज़मीनी स्तर की जानकारी के आधार पर तैयार की गई उनकी खबरें पाठकों के बीच विश्वसनीयता के लिए जानी जाती हैं। Manish Singh Chandel मानते हैं कि स्थानीय पत्रकारिता लोकतंत्र की सबसे मजबूत कड़ी होती है। इसी सोच के साथ वे रांची और झारखंड के नागरिक मुद्दों, विकास कार्यों, शिक्षा एवं रोजगार से जुड़ी सूचनाओं को सरल भाषा में प्रस्तुत करते हैं, ताकि हर वर्ग तक खबर की सही जानकारी पहुँच सके। Bhaiyajii News के साथ उनकी भूमिका सिर्फ खबरें प्रकाशित करने तक सीमित नहीं है, बल्कि वे संपादकीय मानकों, तथ्य-जांच और समयबद्ध रिपोर्टिंग को सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी भी निभाते हैं।
- Advertisement -spot_img
Stay Connected
16,985FansLike
2,458FollowersFollow
61,453SubscribersSubscribe
Must Read
- Advertisement -spot_img
Related News
- Advertisement -spot_img

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here